अभी हाल फिलहाल में कांग्रेस ने अपने एक बड़े राज्य पंजाब को गँवा दिया है और कही न कही ये उनके लिहाज से देखे तो काफी अधिक चिंताजनक तो है ही क्योंकि अभी हाल ही में एक दशक से भी कम समय में बनी हुई केजरीवाल की पार्टी ने उन्हें पंजाब में सत्ता से बाहर किया है. अब ऐसे समय में ये तो जाहिर सी बात है कि जो आपस में फूट पड़ सकती है क्योंकि हार के मौके पर कही न कही विरोध प्रतिरोध देखने में आते रहे है और ऐसा ही कुछ यहाँ पर भी हुआ है.
सुखजिंदर सिंह ने सिद्धू पर लगाया पार्टी को बर्बाद करने का आरोप
अभी हाल ही में सुखजिंदर ने अपने बयान में रिपोर्ट के अनुसार कहा कि सिद्धू पार्टी को बर्बाद करने के लिए आये थे. कांग्रेस ने लोगो के लिए बहुत कुछ किया, हमारे यहाँ पर बुजुर्गो का बड़ा ही सम्मान होता रहा है लेकिन बहार से आये हुए कुछ फिरंगी लोगो ने पार्टी को बर्बाद कर दिया. यहाँ पर सिद्धू को बिना नाम लिए ही फिरंगी तक कह डाला गया है.
आगे सुखजिंदर सिंह कहते है कि कोई बाहर आ रहा है तो उसे विधायक और मंत्री बनाना तो चलो फिर भी ठीक है लेकिन उस इंसान के हाथ में कांग्रेस की कमान दे देना कही से भी ठीक नही है. आपको पता ही होगा कि नवजोत सिंह सिद्धू भारतीय जनता पार्टी में थे और वहां से वो कांग्रेस में आये जिसके बाद में उनको कांग्रेस की प्रदेश कमिटी का प्रेसिडेंट बना दिया गया था.
दोनों तरफ से चल रही खींचतान
ये तो अभी बस एक नजारा भर है. पिछले कुछ समय में हम लोगो ने लगातार ऐसा होते हुए देखा है कि किस तरह से कांग्रेस पार्टी में लगातार दरार पैदा हो रही है और जब से पंजाब में चुनाव हार गयी है उसके बाद से तो ये स्थिति और भी ज्यादा बिगड़ते हुए नजर आ रही है.
ऐसे में प्रदेश के कार्यकर्ताओं की नजर हाई कमान और गांधी परिवार के ऊपर है जो आकर के कही न कही स्थिति को संभालने का प्रयास कर सकते है. अगर नही किया जाता है तो फिर चीजे बिगड़ भी सकती है.